ID:DA05238633
Ruyyaka, Rājānaka
रुय्यक, राजानक
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सम्पादकौ रेवाप्रसादो द्विवेदी, सदाशिवकुमारो द्विवेदी
कालिदाससंस्थानम् 2020
5. भागे, 2. ग्रन्थः
所蔵館1館
Hermann Jacobi ; vollständig herausgegeben von Andreas Pohlus
Shaker 2010 Geisteskultur Indiens / herausgegeben von Walter Slaje unter Mitwirkung von Jürgen Hanneder und Andreas Pohlus Bd. 15 . Klassiker der Indologie , Indologica Halensis
所蔵館5館
राजानक-श्रीमहिमभट्टप्रणीतः ; व्याख्याकारः, ब्रह्मानन्द त्रिपाठी
चैखम्बा सुरभारती प्रकाशन 2005 संस्करण 2005 चौखम्बा सुरभारती ग्रन्थमाला 42
श्रीराजानकरुय्यकप्रणीतं ; व्याख्याकार त्रिलोकीनाथ द्विवेदी
चौखम्बा सुरभारती प्रकाशन 2001 2. संस्करण चौखम्बा सुरभारती ग्रन्थमाला 244
所蔵館2館
राजानक-श्रीमहिमभट्टप्रणीतः ; रेवाप्रसादद्विवेदिकृतः तदुभयहिन्दीभाष्येण च सनाथीकृतः
चौखम्भा संस्कृत संस्थान 1998 संस्करण 4 काशी संस्कृत ग्रन्थमाला 121
राजानक-श्रीमहिमभट्टप्रणीतः ; व्याख्याकारः ब्रह्मानन्द त्रिपाठी
चौखम्बा सुरभारती प्रकाशन 1996 3. संस्करण चौखम्बा सुरभारती ग्रन्थमाला 42
श्रीराजानकरुय्यकप्रणीतं ; व्याख्याकार, त्रिलोकीनाथ द्विवेदी
चौखम्बा सुरभारती प्रकाशन 1994 1. संस्करण चौखम्बा सुरभारती ग्रन्थमाला 244
edited with Vaikharī' Hindī commentary by Brahmananda Tripathi
Chaukhamba Surbharati Prakashan 1987 2. संस्करण चौखम्बा सुरभारती ग्रन्थमाला 42
महाकविमङ्खकप्रणीता ; समपादकः, गौरीनाथशास्त्री
सम्पूर्णानन्दसंस्कृतविश्वविद्यालयः 1984 1. संस्करणम् सरस्वतीभवन-ग्रन्थमाला 119
所蔵館7館
राजानकरुय्यककृतम् ; जयरथप्रणीतया टीकया समेतम् ; महामहोपाध्यायपण्डितदुर्गाप्रसादेन, परबोपाह्वेन पाण्डुरङ्गतनूभुवा काशीनाथशर्मणा च संशोधितम्
भारतीय विद्या प्रकाशन 1982 काव्यमाला 35
हिन्दीव्याख्याकारः, देवर्षिसनाढ्यः शास्त्री
चौखम्बा अमरभारती प्रकाशन 1981- 1. संस्करण हरजीवनदास संस्कृत ग्रन्थमाला 5
1. विमर्शः
चौखम्बा संस्कृत संस्थान 1979 2. संस्करण काशी संस्कृत ग्रन्थमाला 121
[1. विमर्शः]
हिन्दीभाष्यानुवादकारः, रेवाप्रसाद द्विवेदी
चौखम्भा संस्कृत संस्थान 1979 2. संस्करण काशी संस्कृत ग्रन्थमाला 206
所蔵館6館
राजानक-रुय्यक-मङ्खकविरचितं ; हिन्दीभाष्यानुवादकारः रेवाप्रसाद द्विवेदी
चौखम्भा संस्कृत सीरीज आफिस 1971 काशी संस्कृत ग्रन्थमाला 206
所蔵館4館
Hermann Jacobi ; mit einer Vorbemerkung von Hans Losch
Wissenschaftliche Buchgesellschaft 1969
所蔵館14館
अंग्रेजी प्रस्तावना और टिप्पणी सहित सम्पादन, आर० पिशल ; हिन्दी प्रस्तावना और अनुवाद, कपिलदेव पाण्डेय
प्राच्य प्रकाशन 1968
by Kumari S.S. Janaki ; edited by V. Raghavan
Meharchand Lachhmandas 1965
राजानक-श्रीमहिमभट्टप्रणीतः ; रेवाप्रसादद्विवेदिकृत तदुभयहिन्दीभाष्येण च सनाथीकृतः
चौखम्बा संस्कृत सीरीज आफिस 1964 काशी संस्कृत ग्रन्थमाला 121
राजानक-महिमभट्टप्रणीतः ; राजानकरुय्यकेन विरचितया व्याख्यया ; मधुसूदनशास्त्रिविरचितया मधुसूदनीविवृत्या च समेताः
चौखम्बा संस्कृत सीरीज आफिस 1936 काशी संस्कृत ग्रन्थमाला 121 ; अलाङ्कारविभागे||अलाङ्कार विभागे||Alāṅkāravibhāge ; 4. पुष्पम्